लॉकडाउन में खाना खिलाते-खिलाते हुआ भिखारन से प्यार और हो गई शादी

 23 May 2020  46

संवाददाता/in24 न्यूज़.  
कहते हैं कि शादी का जोड़ा ऊपरवाला तय करता है. एक और कहावत है कि दिल लगे दीवार से तो परी क्या करे! एक भीख मांगनेवाली लड़की पर जब लॉकडाउन के बीच एक लड़के का दिल आ गया तो प्यार के फूल भी खिले और सात जन्मों के बंधन की बात भी बन गई. कानपुर के रहने वाले अनिल और नीलम के लिए कोरोना वायरस सात जन्मों तक एक दूसरे का साथ देने का गवाह बन गया है| कानपुर में हुई यह शादी सोशल मीडिया पर चर्चा में है और इस विवाह का वीडियो भी खूब वायरल हो रहा है| यह कहानी है कानपुर की बेटी नीलम की जो कि अपने भाई और भाभी के सहारे थे क्योंकि मां-पिता अब इस दुनिया में नहीं है| लेकिन भाई और भाभी ने मारपीट कर इसे बाहर निकाल दिया और पलट कर खोज खबर भी नहीं ली| वह मजबूर बेसहारा लड़की नीर-छीर चौराहे के पास काकादेव इलाके में भिखारीयों के साथ रहने खाने को मजबूर हो गई| इस बीच कोरोना वायरस का प्रकोप शुरू हुआ जिसकी वजह से लॉकडाउन लगा दिया गया| अब हालात ये हो गए कई नीलम को जो थोड़ृा बहुत खाने को मिल जाता था अब वह भी नसीब नहीं था| कानपुर के रहने वाले लालता प्रसाद की भेंट नीलम से हुई उन्होंने अपने ड्राइवर अनिल से कहा कि वह रोज नीलम को खाना पहुंचा दिया करे| साथ ही वहां मौजूद अन्य जरूरतमदों को भी खाना दे| करीब 45 दिन तक अनिल, नीलम सहित वहां दूसरे भिखारियों को खाना पहुंचाता रहा और इस बीच दोनों के बीच प्यार का अंकुर फूट गया| यह बात धीरे-धीरे अनिल के पिता तो पता चली तो उन्होंने नीलम की मर्जी जाननी चाही जो इस शादी पर राजी थी| फिर सबके सहयोग से अनिल और नीलम के विवाह की रस्मे संपन्न करवाई गईं|