बिहार में ज़हरीली शराब से 16 की मौत
संवाददाता/in24 न्यूज़.
वर्षों से शराब बंदी कानून के बावजूद बिहार में शराब पीने का काम धड़ल्ले से जारी है। राज्य के बेतिया पश्चिम चंपारण जिले में जहरीली शराब पीने की वजह से हाल के दो से तीन दिनों में 16 लोग अपनी जान गंवा चुके हैं। वहीं मामले में पुलिस ने जांच-पड़ताल शुरू कर दी है। पुलिस पांच संदिग्ध लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ भी कर रही है। मामले को लेकर बिहार की उपमुख्यमंत्री रेणु देवी ने भी शुक्रवार को ट्वीट किया था। जिसमें उन्होंने बताया कि मामले को लेकर जांच-पड़ताल चल रही है। संबंधित अफसर पूरे मामले को देख रहे हैं। मामले पर स्थानीय लोग भी कुछ बताने के लिए तैयार नहीं हैं। लेकिन पूरे मामले पर हमारी नजरे टिकीं हैं। याद रहे पश्चिम चम्पारण जिले के लौरिया और रामनगर प्रखंड क्षेत्र में शुक्रवार को इससे जान गंवाने वाले छह लोगों की पहचान हुई। वहीं गुरुवार को भी जहरीली शराब की वजह से आठ लोगों मौत होना बताया गया। वहीं आज यानी कि शनिवार को दो और लोगों ने दम तोड़ दिया है। शक जताया जा रहा है कि ये सभी मौतें जहरीली शराब पीने की वजह से हुई हैं। लौरिया के प्रभारी थाना अध्यक्ष केपी यादव ने बताया कि देउरवा के सुरेश साह और ठग साह समेत अन्य को मामले में आरोपित किया गया है। पुलिस ने मामले को लेकर ठग साह के बेटे सुमित (22) को अरेस्ट कर लिया है। पुलिस ने मामले में पूछताछ के लिए पांच लोग हिरासत में भी लिए हैं। साथ ही पुलिस इनसे पूछताछ कर रही है। जहरीली शराब पीने से जान गंवाने वालों में देउरवा के रामवृक्ष पासी, बिकाउ अंसारी, भगवान पांडा, लतीफ शाह, बसवरिया के अमीरूल शाह, गवनाहा के इजहारूल अंसारी, झुन्ना अंसारी, बगही के रातुल मियां, डुमरा देवराज के जुल्फान मियां, पांडापट्टी के अरुण पांडा उर्फ भगवान, जोगिया के सुरेश तुरहा, नईम मियां, वशिष्ठ ड्राइवर, हीरा डोम शामिल हैं। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार सबेया के ताज मोहम्मद, गुड्डू अंसारी और जवाहिर मियां की मौत बीते 10 व 11 जुलाई को हुई थी। यहीं के निवासी दो लोगों के बीमार होने की जानकारी भी सामने आई है। इनके परिजनों ने डीएम कुंदन कुमार और अन्य अधिकारियों को डॉक्टर की पर्ची भी दिखाई है। बता दें कि बिहार में शराब पर सियासत नहीं देखने को मिलती रहती है।