उत्तराखंड में मानसून ने दी दस्तक, मौसम विभाग ने जारी किया अलर्ट
ब्यूरो रिपोर्ट/in24न्यूज़
देश के कई राज्यों में मानसून का आगमन हो चुका है इसी कड़ी में उत्तराखंड में भी मानसून ने दस्तक दे दी है. यहां के पूरे राज्य में बारिश का दौर शुरू हो चुका है. आलम ये है कि मौसम विभाग ने बारिश को लेकर उत्तराखंड के 7 जिलों में ऑरेंज अलर्ट जारी कर दिया है. इस दौरान प्रशासन की तरफ से केदारनाथ धाम की तीर्थयात्रा भी स्थगित कर दी गई है. आपको बता दें कि केदारनाथ यात्रा मार्ग पर नाले अपनी उफान पर हैं. तो वहीं कुमाऊं में पिछले 24 घंटे से लगातार बारिश हो रही है. उत्तराखंड के पहाड़ी जिलों में बारिश का असर बहुत ज्यादा दिखाई दे रहा है. मौसम विभाग ने जिन 7 जिलों में बारिश लेकर ऑरेंज अलर्ट जारी किया है उनमें नैनीताल, चंपावत, पिथौरागढ़, बागेश्वर, देहरादून, टिहरी और पौड़ी जिले शामिल हैं. ये सभी जिले हिमालयी क्षेत्रों से जुड़े हैं. इस कारण यहां पर बारिश में मुसीबत सबसे ज्यादा बढ़ जाती है. कुमाऊं में पिछले 24 घंटे से रुक-रुक कर हो रही बरसात से जनजीवन अस्त व्यस्त है. कुमाऊं कमिश्नर दीपक रावत ने सभी जिलों के अधिकारियों को अलर्ट पर रहने के निर्देश जारी किए हैं. कुमाऊं के कमिश्नर दीपक रावत ने बरसात के मद्देनजर लोगों को खतरा ना हो, इसको देखते हुए जर्जर भवनों को गिराने के निर्देश दे दिए हैं. इसके अलावा जगह-जगह पेड़ गिरे हैं जिन्हे प्रशासन की तरफ से काटा गया है. बारिश के मद्देनजर पुलिस और एसडीआरएफ की टीमों को 24 घंटे अलर्ट पर रहने का निर्देश दिया है. जिला प्रशासन और आपदा प्रबंधन की टीम लगातार बारिश की मॉनिटरिंग कर रही है. इसके साथ ही प्रशासन की तरफ से निगरानी के लिए बाक़ायद कंट्रोल रूम भी तैयार किए गए हैं. पीडब्ल्यूडी और पुलिस प्रशासन को निर्देशित किया गया है कि पहाड़ों पर आपदाग्रस्त स्थानों पर जेसीबी तैनात की जाए. सरकारी मशीनरी को 24 घंटे अलर्ट रहने को कहा गया हैे. नैनीताल जिले के कई क्षेत्रों में हो रही बरसात के चलते लोगों को गर्मी से राहत भी मिली हैं. तापमान 25 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया है. पहाड़ों पर हो रही बरसात के चलते नदी नालों का जलस्तर भी अब बढ़ने लगा है. पहाड़ की सड़कों पर भूस्खलन वाली जगहों को चिन्हित कर जिला प्रशासन और पीडब्ल्यूडी ने वहां पर सुरक्षा और तत्काल राहत के लिए जेसीबी मशीन तैनात कर रखी है, जिससे लैंडस्लाइड के दौरान समय रहते सड़क मार्ग को खोला जा सके. पिथौरागढ़ जनपद में भारी बरसात के चलते जनजीवन अस्त व्यस्त है. भारी बारिश के चलते कई आंतरिक सड़कें बंद हो गई हैं, जिन्हें खोलने के लिए पीडब्ल्यूडी के कर्मचारी लगे हुए हैं. कुल मिलाकर उत्तराखंड में मानसून की पहली बारिश ने अभी से खतरे के संकेत दे दिए हैं, ऐसे में प्रशासन की तरफ से किसी भी विकट स्थिति से निपटने के लिए सारी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं, लेकिन सरकार और प्रशासन की तरफ से सभी को अलर्ट रहने के लिए कहा गया है.