दो-तीन महीने बाद कोरोना वैक्सीन के आने पर एम्स का भरोसा
संवाददाता/in24 न्यूज़.
कोरोना की महामारी के बीच एम्स ने भरोसा जताया है कि दो-तीन महीने बाद कोरोना वैक्सीन के आसार हैं. हालांकि कि तमाम कोशिशों के बावजूद कोरोना संक्रमितों की संख्या में तेजी से इजाफा हो रहा है। एक्सपर्ट्स का कहना है कि आने वाले दिनों में मरीजों की संख्या और बढ़ेगी, लेकिन राहत की खबर यह है कि कोविड-19 की दवा दो-तीन महीने में आ सकती है। एम्स के डायरेक्टर डॉ रणदीप गुलेरिया उम्मीद जताई है कि जल्द दवा आ जाएगी। एम्स डायरेक्टर डॉ रणदीप गुलेरिया ने कहा है कि अगले दो से तीन महीने में कोरोना वायरस की दवा आ जाएगी। उन्होंने दावा किया कि अगर इस साल के आखिर तक नहीं बनी, तो अगले साल की शुरुआत में तो जरूर कोरोना की दवा तैयार हो जाएगी। डॉ गुलेरिया ने बताया कि भारत में मरीजों की संख्या बढ़ने की सबसे बड़ी वजह जनसंख्या घनत्व है। देश में इतनी आबादी है कि संक्रमण को रोकना आसान नहीं है। भारत की आबादी काफी ज्यादा है और ऐसे में संख्या और बढ़ेगी लेकिन यहां मरने वालों की संख्या बेहद कम है जिससे हमें घबराना नहीं है। लॉकडाउन हटने के बाद लोगों ने मास्क और सोशल डिस्टेंसिंग जैसे सुरक्षात्मक पहलुओं को नजरअंदाज करना शुरू कर दिया है। इसलिए आम जनता को इस बात का विशेष ख्याल रखना होगा कि वह मास्क जरूर लगाएं, जिससे इंफेक्शन का खतरा कम हो जाता है। साथ ही सोशल डिस्टेंसिंग फॉलो करें।