तालाब और बांध को कब्ज़े से मुक्त किया जाएगा : नीतीश
संवाददाता/in24 न्यूज़.
जल ही जीवन है, इसे हर कोई मानता और जानता है. जल बिना दुनिया की कल्पना करना भी मुश्किल है. ऐसे में बिहार के मुख्यमंत्री ने एक ऐसा कदम उठाया है जिससे तालाब और बांध पर जो अतिक्रमण यानि क़ज़ा हुआ है उसे हटाया जाएगा. गौरतलब है कि बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा कि सभी तालाब, नहर, बांध को चिन्हित कर जिर्णाेद्धार का काम जल जीवन हरियाली अभियान के तहत होगा. अतिक्रमण किये गये सभी पोखर को अतिक्रमण से मुक्त कराना हमारी प्राथमिकता है. जल, जंगल व जमीन के बिना मानव जीवन की कल्पना नहीं की जा सकती है. हमारी सरकार की प्राथमिकता में जल जीवन हरियाली का काम शामिल है. मुख्यमंत्री नीतीश कुमार जल जीवन हरियाली योजना का अवलोकन करने मंगलवार की पूर्वाहन 11.15 बजे कटिहार जिले के रौतारा पहुंचे. करीब सवा घंटे तक रौतारा के चमरू पोखर में एमएलसी अशोक अग्रवाल के फंड से पोखर के जीर्णोद्धार व सौंदर्यीकरण कार्य का मुख्यमंत्री ने उद्घाटन किया. इसके साथ ही मत्स्य पालन, खेत में ड्रीप सिंचाई आदि का अवलोकन किया. इसके साथ ही उत्क्रमित मध्य विद्यालय में वर्षा जल संचयन, सोलर आधारित मुक्त पेयजन प्लांट तथा रौतारा उप स्वास्थ्य केंद्र का अवलोकन घूम-घूम कर किया. चमरू पोखर के जीर्णोद्धार, सौंदर्यीकरण व पोखर में बोट, हंस देखकर सीएम काफी खुश हुए. इसके साथ ही पोखर के चारों तरफ बनायी गयी सीढ़ी, लगाये गये पौधे, हरियाली देखकर गदगद हुए. इस दौरान प्रशिक्षित किसानों के द्वारा लगाये गये स्टॉल का भी अवलोकन किये. इस दौरान मुख्यमंत्री ने किसानों से बात भी की. मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने किसानों से पूछा कि आप लोगों को किसी तरह की कोई परेशानी तो नहीं है. किसानों ने मधुमक्खी पालन से प्राप्त मधु तथा जैविक विधि से किये गये खेती से उगाये गये विभिन्न तरह की फसलों का अवलोकन किया. मुख्यमंत्री ने किसानों को जैविक तरीके से खेती करने पर जोर दिया. साथ चल रहे कृषि विभाग के प्रधान सचिव को भी कई आवश्यक निर्देश दिये. चमरू पोखर में मुख्यमंत्री करीब 45 मिनट तक घूम-घूम कर सभी चीजों का बारीकी से अवलोकन करने के बाद रौतारा मुख्य सड़क पर अवस्थित उत्क्रमित माध्यमिक विद्यालय व अन्य भवनों में वर्षा जल संचयन व सोलर आधारित आयरन मुक्त पेयजल प्लांट का अवलोकन किये. उन्होंने साथ चले रहे अधिकारियों को निर्देश दिया कि जितने भी सरकारी भवन है वहां वर्षा जल संचयन की व्यवस्था करें, ताकि बारिश का पानी बेकार नहीं हो. वर्षा का पानी संचय होने से जमीन में पानी की लेयर एक समान बना रहेगा. इसके बाद निकट में ही अवस्थित रौतरा उप स्वास्थ्य केंद्र जिसे हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर का फीता काटकर उन्हें उद्घाटन किया.