मुसलमानों को किसी भी तरह के कागजात दिखाने की जरूरत नहीं है : अकबरुद्दीन ओवैसी
संवाददाता/in24 न्यूज़.
नागरिकता संशोधन कानून पर विरोध के साथ सियासत भी शुरू है.ऑल इंडिया मजलिस-ए इत्तेहादुल मुस्लिमीन (एआईएमआईएम) के नेता अकबरुद्दीन ओवैसी ने विवादित बयान दिया है। उन्होंने कहा कि मुसलमानों को किसी भी तरह के कागजात दिखाने की जरूरत नहीं है। मंगलवार को तेलंगाना में एक जनसभा को संबोधित करते हुए अकबरुद्दीन ओवैसी ने कहा कि मुसलमानों के पूर्वजों ने यहां 800 साल तक राज किया है, फिर आज उनसे दस्तावेज क्यों मांगे जा रहे हैं?उन्होंने कहा कि हमारे पूर्वजों ने देश को जामा मस्जिद, चार मीनार और लाल किला दिया है। अकबर ने कहा कि यह मुल्क मेरा था, मेरा है और मेरा ही रहेगा। इस देश के चप्पे-चप्पे पर हमारे पूर्वजों की बनाई निशानियां मौजूद है। यही नहीं 15 अगस्त को प्रधानमंत्री जहां झंडा फहराने जाते हैं वह लाल किला भी हमारे पूर्वजों ने दिया है। अकबरुद्दीन ने आगे कहा कि अगर तुमसे कोई कागज मांगे तो उन्हें चार मीनार दिखा देना। यह सबूत है कि इसे हमारे पूर्वजों ने बनाया है। बता दें कि यह पहली बार नहीं है जब अकबरुद्दीन ओवैसी ने ऐसा बयान दिया है। इससे पहले भी कई बार वो विवादित बयान दे चुके हैं। अकबरुद्दीन ने 15 मिनट के लिए पुलिस हटाने और उसके अंजामों को लेकर भी विवादित बयान दिया था।