विद्यार्थी ने हेडमास्टर और अपनी मां के खिलाफ दर्ज कराया मामला
संवाददाता/in24 न्यूज़.
शिक्षक को लोग ईश्वर के बराबर मानते हैं, मगर कलयुग में उनकी सोच में बेहद गिरावट आई है। नारनौंद दौलतपुर निवासी एक दस साल के विद्यार्थी ने मिल्कपुर के सरकारी स्कूल के हेडमास्टर, अपनी मां और गांव के नंबरदार के खिलाफ केस दर्ज कराया है। आरोप है कि हेडमास्टर उसे एसएलसी (स्कूल लीविंग सर्टिफिकेट) नहीं दे रहा है। इस बारे में उसकी मां और एक नंबरदार ने हेडमास्टर को एसएलसी नहीं देने की बात कह रखी है। छात्र ने भविष्य खराब करने, एसएलसी नहीं देने, जातिसूचक शब्द कहने का आरोप लगाते हुए उकलाना थाने में जीरो एफआईआर दर्ज कराई है। अब इस मामले को नारनौंद ट्रांसफर किया गया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। विद्यार्थी ने बताया कि उसके माता-पिता अलग रह रहे हैं। वह अपनी मां के पास रहकर मिल्कपुर के राजकीय प्राथमिक पाठशाला में दूसरी कक्षा में पढ़ता था। अब वह अपने पिता के साथ गांव दौलतपुर में रहकर पढ़ना चाहता है। वह और उसके पिता एसएलसी के लिए कई बार मिल्कपुर के राजकीय प्राथमिक पाठशाला मिल्कपुर के हेडमास्टर से मिल चुके हैं, लेकिन वह एसएलसी देने से इनकार कर रहा है। आरोप है कि इस बारे में उसकी मां और गांव के नंबरदार ने कह रखा है। छात्र का कहना है कि अगर एसएलसी नहीं मिलती तो उसका दाखिला नहीं होगा, जिस कारण उसका भविष्य खराब हो सकता है। आरोप है कि जब वह इस बारे में नंबरदार से मिले तो उसने उसे और उसके पिता को जातिसूचक शब्द कहे। उन्होंने स्कूल में रजिस्टर्ड डाक से एसएलसी लेने के लिए प्रार्थना पत्र भेजा है। उसकी मां ने उसे जान से मारने की धमकी दी है। पुलिस ने छात्र के बयान पर मिल्कपुर स्कूल के हेडमास्टर, मां और नंबरदार के खिलाफ धारा 506, 34 व एससी-एसटी एक्ट के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। देखना होगा कि इस मामले में पुलिस की कार्रवाई से कितना असर पड़ता है।