दिवाली से पहले बड़ी खुशखबरी, रेल कर्मचारियों को मिलेगा बोनस
केंद्रीय मंत्रिमंडल ने बुधवार को देश भर के रेल कर्मचारियों के लिए 1,866 करोड़ रुपये के उत्पादकता-आधारित बोनस (पीएलबी) को मंज़ूरी दे दी। इस योजना से 10.90 लाख से ज़्यादा रेल कर्मचारियों को लाभ होगा। केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि 78 दिनों के वेतन के बराबर यह बोनस, सुचारू संचालन और दक्षता में सुधार के लिए रेल कर्मचारियों के समर्पित प्रयासों को मान्यता देता है।
कैबिनेट नोट में कहा गया है कि यह बोनस रेलवे कर्मचारियों को रेलवे के प्रदर्शन को बेहतर बनाने हेतु प्रेरित करने हेतु एक प्रोत्साहन के रूप में कार्य करता है। नोट के अनुसार, प्रत्येक पात्र रेल कर्मचारी को देय अधिकतम पीएलबी राशि 17,951 रुपये है, जो 78 दिनों के वेतन के बराबर है। यह बोनस विभिन्न श्रेणियों के रेल कर्मचारियों जैसे ट्रैक मेंटेनर, लोको पायलट, ट्रेन मैनेजर (गार्ड), स्टेशन मास्टर, सुपरवाइजर, तकनीशियन, तकनीशियन हेल्पर, पॉइंट्समैन, मंत्रालय के कर्मचारियों और अन्य ग्रुप 'सी' कर्मचारियों को दिया जाएगा।
रेलवे की ओर से दिए गए आंकड़ों के अनुसार, वित्तवर्ष 2023-24 में 1.20 लाख ज्यादा कर्मचारी भर्ती हुए थे, जिससे 31 मार्च 2024 तक कर्मचारियों की कुल संख्या बढ़कर 13.15 लाख हो गई। रेल मंत्री ने यह भी बताया था कि रेलवे में करीब 58,642 कर्मचारियों की भर्ती की प्रक्रिया भी चल रही है। पिछले साल रेलवे ने बोनस की गणना 50 फीसदी वेटेज आउटपुट-इनपुट और 50 फीसदी वेटेज ऑपरेटिंग रेशियो के हिसाब से किए गए थे. इस लिहाज से 76 दिन का बोनस बनता था, लेकिन कैबिनेट ने इसमें 2 दिन और जोड़कर 78 दिन की मंजूरी दी थी। संयुक्त कर्मचारी परिषद के महामंत्री आरके वर्मा के मुताबिक कर्मचारियों को करीब 18,000 रुपये तक बोनस मिलता है जो 78 दिन के हिसाब से कैलकुलेट होता है।