कोरोना संकट में भी अश्लीलता परोसते मुंबई के डांस बार
संवाददाता/in24 न्यूज़।
कोरोना महामारी के बढ़ते खतरे को देखते हुए एक तरफ सरकार और प्रशासन इसकी रोकथाम के लिए युद्धस्तर पर तैयारियां कर रहे हैं तो वहीं दूसरी तरफ आर्थिक राजधानी मुंबई में राज्य सरकार और प्रशासन को मुंह चिढ़ाते डांस बार कोरोना नियमों के लिए जारी सरकारी गाइडलाइन की धज्जियाँ उड़ा रहे हैं. इसी कड़ी में मुंबई पुलिस ने देर रात बोरीवली पूर्व के उत्सव बार एंड रेस्टारेंट पर छापा मारा तो कई चौकाने वाले खुलासे सामने आये. पुलिस की छापेमारी के दौरान लगभग 44 बार डांसर मौके पर मिले जबकि ये सीधे सीधे न सिर्फ कोरोना नियमों का उल्लंघन है बल्कि मुंबई पुलिस और राज्य सरकार के आदेशों की अवहेलना भी है. बोरीवली पूर्व के उत्सव बार पर की गयी इस छापेमारी का नेतृत्व खुद मुंबई पुलिस के एनफोर्समेंट डीसीपी राजू भुजबल ने किया। उत्सव डांस बार से कुल 44 बार डांसर और 11 होटल स्टाफ को भी पुलिस ने हिरासत में लिया जिसमे डांस बार का मैनेजर और कैशियर भी शामिल है.पुलिस ने छापेमारी के दौरान 20 से ज्यादा ग्राहकों पर भी कार्रवाई की है.जो शराब, कबाब और शबाब का आनंद ले रहे थे उनके जेहन में कोरोना को लेकर सरकारी गाइडलाइन को लेकर कोई खौफ नहीं था.आपको बता दें कि डांस बारों को सिर्फ ओर्केस्ट्रा परफॉर्मेंस का लायसेंस ही दिया जाता है जबकि नाचती थिरकती बार बालाओं पर रुपये उड़ाने की कोई आधिकारिक अनुमति नहीं है बावजूद इसके ओर्केस्ट्रा परफॉर्मेंस की आड़ में डांस बारों में अश्लीलता परोसी जा रही है वो भी संकट के इस कोरोना काल में. अश्लीलता परोसे जाने पर उत्सव बार के खिलाफ मुंबई पुलिस के एनफोर्समेंट डीसीपी राजू भुजबल ने छापेमारी तो की लेकिन ऐसा बहुत कम देखने को मिलता है जब स्थानीय पुलिस और समाज सेवा शाखा के अलावा एनफोर्समेंट के डीसीपी ने किसी डांस बार पर छापा मारा हो। वैसे आपको बता दें कि ये वही डीसीपी राजू भुजबल हैं, जिन पर मुंबई पुलिस के पूर्व कमिश्नर परमबीर सिंह ने आरोप लगाया था गृहमंत्री अनिल देशमुख के आदेश पर डांस बारों से अवैध वसूली करने करते है। मुंबई के पूर्व पुलिस कमिश्नर परमबीर सिंह ने सीएम उद्धव ठाकरे को चिट्ठी लिखकर सनसनी फैला दी थी कि सूबे के गृहमंत्री अपने पद का दुरुपयोग कर मुंबई पुलिस के आला अधिकारियों पर दबाव बनाते थे कि शहर के हर एस्टेब्लिशमेंट से प्रतिमाह तीन लाख रुपए वसूला जाये।इसमें निलंबित और गिरफ्तार पुलिस इंस्पेक्टर सचिन वाजे भी शामिल थे जो सरकार का 100 करोड़ रुपये प्रतिमाह का हफ्ता वसूलने का टारगेट पूरा करने में शामिल थे। इन आरोपों के बाद राजू भुजबल ने पहली बार अपनी टीम के साथ कहीं रेड की है..