Breaking News

मुंबई में कोरोना से मरने वाले की लाश दफनाई नहीं जलाई जाएगी : बीएमसी

31 Mar, 2020 3115

संवाददाता/in24 न्यूज़.  
मुंबई में कोरोना से मरनेवालों का अंतिम संस्कार अब उसे चिता पर जलाकर किया जाएगा. मुंबई महानगर के आयुक्त प्रवीण परदेशी ने आदेश दिया है कि मृतक किसी भी मज़हब का हो उसका दाह संस्कार किया जाएगा. आयुक्त के अनुसार अंतिम संस्कार में सिर्फ पांच लोग ही शामिल हो पाएंगे। अगर किसी को इससे आपत्ति होगी तो वह अपने खर्चे से मुंबई के बाहर जाकर उसे अपने तरीके से दफना सकता है. बता दें कि कोरोना वायरस से मरनेवाले व्यक्ति से भी संक्रमण का ख़तरा फैलता है. म्युनिसिपल कॉर्पोरेशन ऑफ ग्रेटर मुंबई ने ऐसा आदेश दिया है। बता दें कि महाराष्ट्र सरकार ने म्युनिसिपल कमिश्नर को ये अधिकार दिया है कि कोरोना वायरस से उपजी आपदा के मद्देनज़र वो ज़रूरी निर्णय ले सकते हैं। वो अपने क़ानूनी दायरे में रह कर वो सभी फ़ैसले ले सकते हैं, जिससे कोरोना वायरस का प्रसार रुके। इसी क्रम में उन्होंने घोषणा की है कि किसी भी मृत कोरोना मरीज को सिर्फ़ जला कर ही उनका अंतिम संस्कार किया जाएगा। मनपा आयुक्त प्रवीण परदेशी ने कोरोना के फैलाव को रोकने के आलोक में ये निर्णय लिया। कहा गया है कि नजदीकी श्मशान में मृत शरीर को ले जाकर वहाँ उनका अंतिम संस्कार किया जाए। सलाह दी गई है कि इस प्रक्रिया के दौरान मृत शरीर को छूने वाली रस्मों से बचा जाए। जितने भी कब्रिस्तान हैं, वो सघन आबादी वाले इलाक़ों में हैं और वहाँ अंतिम संस्कार के दौरान कोरोना के फैलने का ख़तरा है। लाश को प्लास्टिक में पैक करके फिर दफनाना उनको डिकम्पोज होने में देरी पैदा करता है और इसीलिए बीमारियों के फैलने का ख़तरा बना रहता है। साथ ही अंतिम संस्कार की प्रक्रिया में 5 से ज्यादा लोगों के जुटने पर भी पाबंदी लगा दी गई है। श्मशान का कर्मचारी मास्क और ग्लव्स इत्यादि का इस्तेमाल कर के पूरी सावधानी के साथ लाश का अंतिम संस्कार करेगा। अगर कोई दफनाने की ही जिद पर अड़ा है तो उसे मुंबई म्युनिसिपल्टी की सीमा से बाहर जाकर ऐसा करना होगा। इस सम्बन्ध में आदेश जारी कर दिया गया है।

अन्य खबरे