सफलता का शॉर्टकट नहीं होता, सहूलियतों के बजाय चुनाैतियों को चुनें : पीएम मोदी
संवाददाता/in24 न्यूज़.
आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (IIT) कानपुर के दीक्षांत समारोह में छात्रों से जीवन में सफलता के शॉर्टकट तलाशने से बचते हुए सहूलियत भरे मार्ग को चुनने की बजाय चुनौतियों को स्वीकार करने की सलाह दी है। पीएम मोदी ने आईआईटी कानपुर के 54वें दीक्षांत समारोह में छात्रों को संबोधित करते हुये कहा कि डिग्रियां मिलने के बाद आप सब के लिये जीवन की अब एक नई यात्रा शुरू होगी। उन्होंने छात्रों को संदेश दिया कि आज से शुरू हुई यात्रा में आपको सहूलियत के लिए शॉर्टकट भी बहुत लोग बतायेंगे। लेकिन मेरी सलाह यही होगी कि आप ‘सहूलियतों’ को मत चुनना, बल्कि ‘चुनौतियों’ जरूर चुनना। पीएम मोदी ने छात्रों को नसीहत दी कि आप चाहें या न चाहें, जीवन में चुनौतियां आनी ही हैं। जो लोग उनसे भागते हैं, वो उनका शिकार बन जाते हैं। पीएम मोदी ने छात्रों से आह्वान भी किया कि वे अपनी मानवीय संवेदनाओं को और जानने की ललक को कभी मरने न दें। उन्होंने कहा कि लोगों से जुड़ने की अपनी इच्छा और जिम्मेदारी को कभी काम के बोझ तले दबने नहीं देना चाहिये। इससे पहले पीएम मोदी ने संस्थान के दीक्षांत समारोह में 1723 छात्रों को विभिन्न पाठ्यक्रमों की ऑनलाइन डिग्री एवं उपाधि प्रदान की। मोदी एक दिवसीय कानपुर प्रवास के लिये दिन में लगभग 11 बजे यहां स्थित चकेरी हवाई अड्डा पहुंचे। जहां उत्तर प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पीएम मोदी का स्वागत किया। दीक्षांत समारोह में सफल छात्रों को उपाधि वितरण के बाद पीएम मोदी ने अपने संबोधन में कहा कि भारत मेें यह बदलाव का दौर है जिसे छात्र भी जरूर महसूस करते हाेंगे। उन्होंने कहा कि आपने जब आईआईटी कानपुर में प्रवेश लिया था और अब, जब आप यहां से निकल रहे हैं, तब और अब में, आप अपने में बहुत बड़ा परिवर्तन महसूस कर रहे होंगे। पहले अगर सोच, काम चलाने की होती थी तो आज सोच, कुछ कर गुजरने की होती है। पहले अगर सोच, समस्याओं को लाने की होती थी तो आज सोच, समस्याओं का समाधान लाने की होती है। पीएम मोदी ने कहा कि आज देश में जो एक के बाद एक बदलाव दिख रहे हैं, इनके पीछे मुझे आपका यानि छात्र शक्ति का चेहरा नजर आता है। ऐसे में मुझे विश्वास है कि देश जब आजादी की शताब्दी मनायेगा, उसमें आपके पसीने की महक होगी। बता दें कि भारत 65 फीसदी युवा देश है।