गरीब आदिवासी बच्चों की मदद के लिए सचिन आए आगे

 14 Sep 2020  23

संवाददाता/in24 न्यूज़.
सचिन तेंदुलकर विश्व भर में क्रिकेट के ज़रिए अपनी प्रतिभा दिखा चुके है. इसके अलावा समाज सेवा में भू लगातार योगदान देते रहते हैं. अब सचिन तेंदुलकर 560 गरीब आदिवासी बच्चों के लिए मसीहा बनकर सामने आए हैं. क्रिकेट से संन्यास के सात साल बाद भी तेंदुलकर मैदान के बाहर अपनी छवि बनाए रखने में कायम रहे हैं. सचिन अकसर जरूरमंदों के लिए सबसे आगे खड़े रहते हैं. उन्होंने अब आर्थिक रूप से कमजोर 560 आदिवासी बच्चों के शिक्षा और भरण पोषण का जिम्मा लिया है. एक गैर सरकारी संगठन के साथ मिलकर सचिन इन आर्थिक रूप से कमजोर 560 आदिवासी बच्चों की सहायता कर रहे हैं. सचिन जो नेक कार्य कर रहे हैं, उसकी उन्होंने किसी को खबर तक नहीं होने दी थी. वह परिवार नामक एनजीओ के जरिए इन बच्चों की सहायता कर रहे हैं. इस एनजीओ ने ही सचिन तेंदुलकर के इस नेक काम के बारे में जानकारी दी है. एनजीओ के मुताबिक़ सचिन मध्य प्रदेश के आदिवासी बच्चों के लिए मसीहा बने हैं. वह कुपोषण जैसी गंभीर समस्या और अशिक्षा से जूझ रहे बच्चों का जीवन सुधारने पर काम करे रहे हैं. सचिन ने संकल्प लिया है कि मध्य प्रदेश के सीहोर जिले के आसपास और दूर के गांवों में रहने वाले ये बच्चे अपना जीवन अच्छे से जी सकें. सचिन के इस कदम की वजह से मध्य प्रदेश के सीहोर जिले के बीलपति, खापा, सेवानिया, जामुनझील तथा नयापुरा गांव के बच्चों को शिक्षा तथा पौष्टिक भोजन की व्यवस्था कराई जा रही है. ये बच्चे बरेला भील और गोंड जनजातियों से आते हैं. ये आदिवासी समुदाय की जनजातियां हैं. गौरतलब है कि सचिन तेंदुलकर को यूनिसेफ ने सद्धभावना दूत के रूप में चुना है. वह बच्चों के प्रारंभिक विकास जैसे जरूरी विषयों पर हमेशा अपनी बात रखते हैं. इन्हीं कारणों से सचिन को दुनिया बतौर क्रिकेट का भगवान के रूप में भी मान सम्मान देती है.